सामग्री पर जाएं
NurVerse
पवित्र क़ुरआननमाज़ का समयकैलेंडरहदीसदुआएंcommon.blog
Ad
Ad
Ad
Ad
NurVerse

क़ुरआन पढ़ें, नमाज़ के समय ट्रैक करें, दुआ करें और अपनी इस्लामी ज़िंदगी समृद्ध करें।

© 2026 NurVerse. सर्वाधिकार सुरक्षित।

ऐप इंस्टॉल करेंसंपर्कगोपनीयता नीतिउपयोग की शर्तें

Al-Kahf - 18:33

← Al-Kahf

Al-Kahf - आयत 33

18:33
पारा 15 · हिज़्ब 30 · पृष्ठ 297

كِلْتَا ٱلْجَنَّتَيْنِ ءَاتَتْ أُكُلَهَا وَلَمْ تَظْلِم مِّنْهُ شَيْـًٔا ۚ وَفَجَّرْنَا خِلَـٰلَهُمَا نَهَرًا﴿٣٣﴾

दोनों बाग़ों ने अपने पूरे फल दिए और उसमें से कुछ कमी नहीं की। और हमने दोनों के बीच एक नहर जारी कर दी।

—

आयत शेयर करें

Al-Kahf - 18:33

كِلْتَا ٱلْجَنَّتَيْنِ ءَاتَتْ أُكُلَهَا وَلَمْ تَظْلِم مِّنْهُ شَيْـًٔا ۚ وَفَجَّرْنَا خِلَـٰلَهُمَا نَهَرًا

दोनों बाग़ों ने अपने पूरे फल दिए और उसमें से कुछ कमी नहीं की। और हमने दोनों के बीच एक नहर जारी कर दी।

← पिछली आयतअगली आयत →