सामग्री पर जाएं
NurVerse
पवित्र क़ुरआननमाज़ का समयकैलेंडरहदीसदुआएं
Ad
Ad
Ad
Ad
NurVerse

क़ुरआन पढ़ें, नमाज़ के समय ट्रैक करें, दुआ करें और अपनी इस्लामी ज़िंदगी समृद्ध करें।

© 2026 NurVerse. सर्वाधिकार सुरक्षित।

ऐप इंस्टॉल करेंसंपर्कगोपनीयता नीतिउपयोग की शर्तें
सूरह सूची
मुसहफ़ व्यू
0/6

الناس

An-Nas

Nâs

मक्की·6 आयतें

بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَـٰنِ ٱلرَّحِيمِ

114:1
पारा 30
पारा 30 · हिज़्ब 60 · पृष्ठ 604

قُلْ أَعُوذُ بِرَبِّ ٱلنَّاسِ﴿١﴾

(ऐ नबी!) कह दीजिए : मैं शरण लेता हूँ लोगों के पालनहार की।

—
114:2
पारा 30 · हिज़्ब 60 · पृष्ठ 604

مَلِكِ ٱلنَّاسِ﴿٢﴾

लोगों के बादशाह की।

—
114:3
पारा 30 · हिज़्ब 60 · पृष्ठ 604

إِلَـٰهِ ٱلنَّاسِ﴿٣﴾

लोगों के सत्य पूज्य की।1

—
114:4
पारा 30 · हिज़्ब 60 · पृष्ठ 604

مِن شَرِّ ٱلْوَسْوَاسِ ٱلْخَنَّاسِ﴿٤﴾

वसवसा डालने वाले, पीछे हट जाने वाले की बुराई से।

—
114:5
पारा 30 · हिज़्ब 60 · पृष्ठ 604

ٱلَّذِى يُوَسْوِسُ فِى صُدُورِ ٱلنَّاسِ﴿٥﴾

जो लोगों के दिलों में वसवसे डालता है।

—
114:6
पारा 30 · हिज़्ब 60 · पृष्ठ 604

مِنَ ٱلْجِنَّةِ وَٱلنَّاسِ﴿٦﴾

जिन्नों और इनसानों में से।1

—
पिछली आयतAl-Falaq